વસંત

આંબા મોરિયા*
વગડે વાતુ કરે
વાસંતી હવા
_આરતી પરીખ ૧૭.૩.૨૦૨૧

*મ્હોર્યા

Work from Home

रातभर
खर्राटें भरता
जिस्म बिस्तर पर
और
सात समंदर कि
सैर करता
बाँवरा मन
ख्बाबों में!

  • आरती परीख १६.३.२०२१

झील

बर्फ पिघला
घाटी में चहकती
निर्मल झील

  • आरती परीख १५.३.२०२१

इसी का नाम जिंदगी

निगल गई
बहुत सी ख्वाहिशें
जिम्मेदारीयाँ
_आरती परीख ९.३.२०२१

गृहिणी

रात या दिन
मनदिप जलाती
घर की लक्ष्मी

घरआंगन
कुमकुम कदम
खुशियां छाई

संस्कार दैन
कुलवधु के नैन
जीवन चैन

मीठें दो बोल
प्यार  संस्कार तोल
वधु का मोल

रण या वन
संस्कारी कुलवधु
हो उपवन

पिसती रही
गन्ने की तरह ही
ये गृहिणीयां

बहू के पांव
बुजुर्गों की जबान
कभी न थके

घुमती रहे
गृहिणी चुपचाप
परछाई सी

गृहिणी देखें-
खुद का प्रतिबिंब
बोन्साई ट्री में
©आरती परीख २५.२.२०२१

जिंदगी

स्त्री देख रही
खुद का प्रतिबिंब
बोन्साई ट्री में
~~~~
સ્ત્રીને દેખાય
પોતાનું પ્રતિબિંબ
બોન્સાઇ ટ્રી માં

  • આરતી પરીખ ૧૫.૨.૨૦૨૧

Valentine Day

वेलेंटाइन
स्मार्ट फोन में कैद
प्यार की बातें
♥️♥️♥️♥️
बिकते देखें
लाल गुब्बारे फूल
गली नुक्कड़
♥️♥️♥️♥️
प्रेम का पर्व
उंचे दाम बिकते
प्रेम प्रतीक
©आरती परीख १४.२.२०२१

मकान

संभाल कर रखी है
सातबारा उतारा में
घर की ख्वाहिश!

  • आरती परीख १४.२.२०२१