Archive | December 13, 2020

कोहरा

शीत मध्यान्ह*
रवि नींद से जागा
कोहरा भागा

  • आरती परीख १३.१२.२०२०

*दिन के चार प्रहर- पूर्वान्ह, मध्यान्ह, अपरान्ह और सायंकाल।
रात के चार प्रहर- प्रदोष, निशिथ, त्रियामा एवं उषा।

एक प्रहर तीन घंटे का होता है। सूर्योदय के समय दिन का पहला प्रहर प्रारंभ होता है जिसे पूर्वान्ह कहा जाता है। दिन का दूसरा प्रहर जब सूरज सिर पर आ जाता है तब तक रहता है जिसे मध्याह्न कहते हैं।

इसके बाद अपरान्ह (दोपहर बाद) का समय शुरू होता है, जो लगभग लगभग ४ बजे तक चलता है। ४ बजे बाद दिन अस्त तक सायंकाल चलता है। फिर क्रमश: प्रदोष, निशिथ, त्रियामा एवं उषा काल।